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जैसलमेर: पोकरण में फिर बेनकाब हुआ नकली घी का कारोबार

Briovo· 25 Jun 2026, 09:38 am IST1
जैसलमेर: पोकरण में फिर बेनकाब हुआ नकली घी का कारोबार

जैसलमेर का पोकरण क्षेत्र नकली घी और खाद्य पदार्थों में मिलावट का केंद्र बन गया है, खाद्य सुरक्षा विभाग ने एक महीने में दूसरी बड़ी कार्रवाई की है। हाल ही में एक गुप्त सूचना के आधार पर हुई छापेमारी में अधिकारियों ने एक घर से 900 किलोग्राम पाम तेल और 453 किलोग्राम नकली घी जब्त किया। उन्हें बड़े ब्रांड के नाम पर नकली घी के उत्पादन का संकेत देने वाले लेबल, खाली टिन, पैकेजिंग सामग्री और अन्य उपकरण भी मिले। यह 24 मई को हुई एक बड़ी छापेमारी के बाद हुआ है, जिसमें बड़ी मात्रा में मिलावटी घी और पाम तेल जब्त किया गया था, जिससे सार्वजनिक स्वास्थ्य को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं।

AI सारांश

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एक महीने में दूसरी बड़ी कार्रवाई

जैसलमेर में खाद्य सुरक्षा विभाग ने पोकरण में एक और नकली घी बनाने वाली इकाई का भंडाफोड़ किया है, जो एक महीने के भीतर दूसरी बड़ी कार्रवाई है। यह क्षेत्र में खाद्य मिलावट गतिविधियों में वृद्धि की एक चिंताजनक प्रवृत्ति को उजागर करता है, जिससे अधिकारी अवैध संचालन के खिलाफ अपने प्रयासों को तेज कर रहे हैं।

छापेमारी का विवरण और बरामदगी

खाद्य सुरक्षा अधिकारी किशनाराम कड़वासरा के नेतृत्व में एक टीम ने एक गोपनीय सूचना पर कार्रवाई करते हुए पोकरण के भवानीपुरा में एक घर पर छापा मारा। छापे देर रात तक चले, जिसमें नकली घी बनाने वाली एक गुप्त फैक्ट्री का पता चला। अधिकारियों ने 900 किलोग्राम पाम तेल और 453 किलोग्राम तैयार नकली घी के साथ-साथ ब्रांडिंग सामग्री और पैकेजिंग उपकरण भी जब्त किए।

मिलावट के हथकंडे उजागर

छापेमारी में पता चला कि अपराधी पाम तेल का उपयोग करके नकली घी बना रहे थे, जो प्रसिद्ध ब्रांडों की नकल कर रहा था। 'शक्ति' और 'डेयरी बेस्ट' जैसे लोकप्रिय ब्रांडों के लेबल और पैकेजिंग पाए गए, जो उपभोक्ताओं को धोखा देने के इरादे का संकेत देते हैं। इस परिष्कृत ऑपरेशन का उद्देश्य खरीदारों को मिलावटी उत्पाद खरीदने के लिए गुमराह करके लाभ कमाना था।

नकली घी से स्वास्थ्य जोखिम

डॉक्टर अजय पाल सिंह भाटी, एक चिकित्सक के अनुसार, पाम तेल आधारित नकली घी का सेवन स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है। यह धमनियों को अवरुद्ध कर सकता है, जिससे दिल के दौरे और स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। इसके उत्पादन में उपयोग किए जाने वाले रसायन और एसेंस यकृत और गुर्दे को भी गंभीर रूप से नुकसान पहुंचा सकते हैं, और लंबे समय तक सेवन से कैंसर भी हो सकता है।

जनता की चिंता और कार्रवाई

ऐसी फैक्ट्रियों के बार-बार सामने आने से आम जनता में भय फैल गया है, क्योंकि एक आम व्यक्ति के लिए असली और नकली घी के बीच अंतर करना लगभग असंभव है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने उपभोक्ता सुरक्षा सुनिश्चित करने और मिलावट में शामिल लोगों पर मुकदमा चलाने के लिए इस अवैध व्यापार पर अंकुश लगाने के लिए निरंतर सतर्कता और कार्रवाई का संकल्प लिया है।

क्यों मायने रखता है

नकली घी के लगातार पता चलने वाले संचालन सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा पैदा करते हैं। उपभोक्ता अनजाने में हानिकारक रसायन और मिलावटी उत्पाद खा रहे हैं, जिससे हृदय रोग, यकृत और गुर्दे की क्षति और यहां तक कि कैंसर जैसे गंभीर स्वास्थ्य मुद्दे हो रहे हैं। इस अवैध व्यापार की बड़े पैमाने पर प्रकृति उपभोक्ता के विश्वास को कमजोर करती है और मजबूत प्रवर्तन और जागरूकता अभियानों की आवश्यकता है।

मुख्य तथ्य

  • Location of raid: Pokaran, Jaisalmer
  • Palm oil seized: 900 kg
  • Fake ghee seized: 453 kg
  • Previous raid date: May 24
  • Previous raid seizure (overall): 10,260 kg adulterated products
  • Items seized: Labels, empty tins, packaging materials, gas cylinders, furnace, packing machine

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