राजस्थान मॉनसून: दो हफ्ते कमजोर, तापमान में वृद्धि
राजस्थान में अगले दो सप्ताह तक, विशेष रूप से 10 जुलाई से, मॉनसून कमजोर रहने की उम्मीद है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। जहां भारत के अन्य हिस्सों में भारी बारिश हो रही है, वहीं राजस्थान सहित मध्य राज्यों में मॉनसून सुस्त है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से कम बारिश और केवल छिटपुट हल्की बारिश का अनुमान लगाया है। वर्तमान में, पश्चिमी जिलों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक है, जिससे गर्मी और उमस के कारण बेचैनी बढ़ गई है। इस दौरान जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश जैसे अन्य उत्तरी राज्यों में भारी बारिश का पूर्वानुमान है।
AI सारांश
3 bulletsराजस्थान में मॉनसून की बेरुखी जारी
दक्षिणी-पश्चिमी मॉनसून अगले दो हफ्तों तक, विशेष रूप से 10 जुलाई से, राजस्थान सहित मध्य भारत के अधिकांश हिस्सों में सुस्त रहने की उम्मीद है। मौसम वैज्ञानिकों के आकलन के अनुसार, मॉनसून की इस कमजोर अवधि से राजस्थान के किसानों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि सामान्य से कम बारिश का अनुमान है।
पूर्वानुमान: सामान्य से कम बारिश
जयपुर मौसम केंद्र के अनुसार, अगले दो सप्ताह तक राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में मुख्य रूप से शुष्क मौसम रहेगा और केवल छिटपुट स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है। इस अवधि के पहले और दूसरे सप्ताह में सामान्य से कम वर्षा होने का अनुमान है। हालांकि, पिछले सप्ताह कुछ क्षेत्रों में मॉनसून सक्रिय रहा था, जिससे मेघगर्जन और धूल भरी आंधी के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई थी।
पश्चिमी राजस्थान में भीषण गर्मी
बारिश के रुकने से राजस्थान के पश्चिमी जिलों में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है। श्रीगंगानगर में 41.7°C, फलोदी में 40.6°C और जैसलमेर में 40.0°C तापमान दर्ज किया गया। दिन की भीषण गर्मी और रात में बढ़ती उमस से लोगों में बेचैनी बढ़ रही है।
उत्तरी राज्यों में भारी बारिश की उम्मीद
जहां राजस्थान में मॉनसून कमजोर है, वहीं उत्तरी भारत के अन्य राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 10 से 15 जुलाई के बीच महत्वपूर्ण बारिश होने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त, हरियाणा, दिल्ली, पंजाब और उत्तर प्रदेश के लिए अच्छी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
पूर्वी क्षेत्रों में भी बारिश की तैयारी
पूर्वोत्तर भारत, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 11 और 12 जुलाई को भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। इन क्षेत्रों के कुछ हिस्सों में अगले 3-4 दिनों तक भारी वर्षा जारी रह सकती है। मेघालय में, विशेष रूप से 11 जुलाई, 2026 (संभवतः एक त्रुटि, वर्तमान वर्ष की 11 जुलाई मानी गई) को अत्यधिक भारी बारिश की प्रबल संभावना है।
क्यों मायने रखता है
राजस्थान में कमजोर मॉनसून का सीधा असर कृषि उत्पादन पर पड़ेगा और पानी की कमी को बढ़ाएगा, जिससे आजीविका और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था प्रभावित होगी। लगातार उच्च तापमान भी आबादी के लिए स्वास्थ्य जोखिम पैदा करता है।
मुख्य तथ्य
- •Monsoon Weakness Duration: Next two weeks (from July 10)
- •Affected Region: Rajasthan and central Indian states
- •Western Districts Temperature: Above 40 degrees Celsius
- •Heavy Rain Forecast (Other Regions): Jammu & Kashmir, Himachal Pradesh, Uttarakhand, Punjab, Haryana, Delhi, Uttar Pradesh (July 10-15)
- •Eastern India Heavy Rain Forecast: Bihar, Eastern UP, Northeast India (July 11-12)
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