कलकत्ता हाईकोर्ट ने अभिषेक बनर्जी की विदेश यात्रा याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार…
कलकत्ता हाईकोर्ट ने दूसरी बार टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी की आंख के इलाज के लिए विदेश यात्रा की याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया है। बनर्जी ने 22 मई के एक आदेश में ढील देने की मांग की थी, जिसमें उन्हें देश छोड़ने से रोक दिया गया था। कोर्ट ने कहा कि वह जिस इलाज की मांग कर रहे हैं, वह भारत में ही मिल सकता है और उनके खिलाफ लंबित मामलों के बैकलॉग का हवाला दिया। यात्रा प्रतिबंध राजीव सरकार द्वारा एक आपराधिक मामले में लगाया गया है, जिसमें बनर्जी द्वारा अमित शाह के खिलाफ एक चुनावी रैली में कथित अपमानजनक टिप्पणी करने का आरोप है।
AI सारांश
3 bulletsतत्काल सुनवाई से फिर इनकार
कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के तत्काल सुनवाई के अनुरोध को दूसरी बार खारिज कर दिया है। उन्होंने विशेष आंख के इलाज के लिए विदेश यात्रा की अनुमति मांगी थी, और पिछले अदालत के आदेश में ढील की अपील की थी।
याचिका का घटनाक्रम
बनर्जी की याचिका का उद्देश्य 22 मई के अदालत के आदेश में ढील दिलाना था, जिसने उन्हें विदेश यात्रा करने से रोक दिया था। 2016 में एक सड़क दुर्घटना में उनकी आंख बुरी तरह प्रभावित हुई थी और उन्होंने विदेश में शीघ्र उपचार की मांग की थी।
अदालत का इनकार का कारण
हाईकोर्ट ने कहा कि विशेष आंख का इलाज भारत के भीतर ही किया जा सकता है। इसके अलावा, अदालत ने टीएमसी नेता के खिलाफ लंबित कानूनी मामलों की महत्वपूर्ण संख्या पर विचार किया, इस याचिका पर तत्काल सुनवाई से पहले उन्हें प्राथमिकता दी।
यात्रा प्रतिबंधों की उत्पत्ति
यात्रा प्रतिबंध राजीव सरकार नामक एक व्यक्ति द्वारा बनर्जी के खिलाफ दायर एक आपराधिक मामले से उत्पन्न हुआ है। यह मामला बनर्जी द्वारा एक चुनावी रैली के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ कथित अपमानजनक टिप्पणी से संबंधित है।
कानूनी मिसाल और प्रभाव
बनर्जी ने शुरू में उक्त आपराधिक मामले में अग्रिम जमानत के लिए अदालत का रुख किया था। 22 मई का आदेश, जिसमें उन्हें विदेश यात्रा करने से रोक दिया गया था, जांच एजेंसी के साथ उनके सहयोग की शर्त के रूप में जारी किया गया था।
क्यों मायने रखता है
तत्काल सुनवाई से बार-बार इनकार एक प्रमुख राजनीतिक हस्ती द्वारा सामना की जा रही कानूनी बाधाओं को उजागर करता है और मामलों को प्राथमिकता देने के लिए न्यायपालिका के दृष्टिकोण को रेखांकित करता है।
मुख्य तथ्य
- •Court: Calcutta High Court
- •Petitioner: Abhishek Banerjee (TMC General Secretary)
- •Reason for Plea: Urgent hearing for permission to travel abroad for eye treatment
- •Previous Order: May 22 order barring foreign travel
- •Basis of Travel Ban: Criminal case for alleged derogatory remarks against Amit Shah
- •Date of Latest Denial: June 29, 2026
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