मुंबई कोर्ट ने अनमोल बिश्नोई की हिरासत में विफलता पर पुलिस को फटकारा
मुंबई की एक विशेष अदालत ने बाबा सिद्दीकी हत्याकांड में जेल में बंद गैंगस्टर अनमोल बिश्नोई को अपनी हिरासत में लेने में विफल रहने पर मुंबई पुलिस को फटकार लगाई है। अदालत ने पुलिस को बिश्नोई को पेश करने के लिए सभी आवश्यक कानूनी कदम उठाने का निर्देश दिया, यह कहते हुए कि हत्या के गंभीर मामले में पुलिस को उसकी जिम्मेदारियां याद दिलाना अदालत का काम नहीं है। अदालत ने 24 जुलाई तक अनुपालन रिपोर्ट मांगी है। गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का भाई अनमोल बिश्नोई, जिसे पिछले साल अमेरिका से भारत लाया गया था, वर्तमान में तिहाड़ जेल में बंद है। सिद्दीकी परिवार ने अदालत में याचिका दायर कर "बाहरी दबाव" के कारण पुलिस की निष्क्रियता का आरोप लगाया था।
AI सारांश
3 bulletsहिरासत में चूक पर कोर्ट ने पुलिस को फटकारा
मुंबई की एक विशेष मकोका अदालत ने शुक्रवार को मुंबई पुलिस को गैंगस्टर अनमोल बिश्नोई की हिरासत लेने में विफल रहने पर कड़ी फटकार लगाई। बिश्नोई राजनेता बाबा सिद्दीकी की हाई-प्रोफाइल हत्या के मामले में एक प्रमुख आरोपी है। अदालत ने जोर देकर कहा कि हत्या जैसे गंभीर मामलों में कानून प्रवर्तन एजेंसियों को उनकी जिम्मेदारियों की याद दिलाना उसका कर्तव्य नहीं है।
बिश्नोई की पेशी के लिए निर्देश
अदालत ने पुलिस को अनमोल बिश्नोई को औपचारिक रूप से पेश करने के लिए सभी आवश्यक कानूनी उपाय करने का स्पष्ट निर्देश दिया है। इन निर्देशों के अनुपालन की विस्तृत रिपोर्ट 24 जुलाई तक अनिवार्य रूप से जमा करनी होगी। यह कड़ा निर्देश न्यायिक प्रक्रिया में समयबद्ध और गंभीर जांच प्रक्रियाओं पर न्यायपालिका के जोर को रेखांकित करता है।
बाबा सिद्दीकी हत्याकांड की पृष्ठभूमि
महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी (66) की 12 अक्टूबर 2024 को मुंबई के बांद्रा पूर्व स्थित उनके बेटे जीशान सिद्दीकी के कार्यालय के बाहर तीन हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। सिद्दीकी के राजनीतिक कद और एक प्रमुख गैंगस्टर की कथित संलिप्तता के कारण इस मामले ने महत्वपूर्ण ध्यान आकर्षित किया है।
अनमोल बिश्नोई की वर्तमान स्थिति
अनमोल बिश्नोई, जो जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का छोटा भाई है, को पिछले नवंबर में संयुक्त राज्य अमेरिका से भारत प्रत्यर्पित किया गया था। उसे भारत पहुंचने पर राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने गिरफ्तार कर लिया था। वर्तमान में, अनमोल बिश्नोई दिल्ली की उच्च-सुरक्षा वाली तिहाड़ जेल में बंद है।
परिवार ने लगाया 'बाहरी दबाव' का आरोप
बाबा सिद्दीकी के परिवार ने पहले अदालत का दरवाजा खटखटाया था, जिसमें पुलिस को बिश्नोई को हिरासत में लेने का निर्देश देने की मांग वाली याचिका दायर की गई थी। उन्होंने स्पष्ट रूप से आरोप लगाया था कि पुलिस अज्ञात 'बाहरी दबाव' के कारण जानबूझकर गैंगस्टर को अपनी हिरासत में लेने से बच रही थी। यह आरोप जांच में संभावित हस्तक्षेप के बारे में गंभीर सवाल उठाता है।
कोर्ट ने पुलिस के बहानों को खारिज किया
जांच एजेंसी द्वारा जानबूझकर निष्क्रियता से इनकार करने और व्यावहारिक कठिनाइयों का हवाला देने के बावजूद, न्यायाधीश ने इन तर्कों को खारिज कर दिया। अदालत ने स्पष्ट किया कि बिश्नोई की औपचारिक गिरफ्तारी, उचित अदालत की अनुमति से, एक विकल्प था। इसने यह भी कहा कि दिल्ली अदालत से अनुमति लेकर न्यायिक हिरासत में उससे पूछताछ भी संभव थी। अदालत ने इन कानूनी रास्तों को अनदेखा करने के लिए एजेंसी की आलोचना की।
क्यों मायने रखता है
<div>अदालत की कड़ी फटकार हाई-प्रोफाइल आपराधिक जांचों में संभावित कमियों और बाहरी दबावों को उजागर करती है, जिससे कानून प्रवर्तन की दक्षता और निष्पक्षता के बारे में चिंताएं बढ़ जाती हैं।</div>
मुख्य तथ्य
- •Court Order: Mumbai Special Court reprimands police for not securing Anmol Bishnoi's custody.
- •Compliance Deadline: Police ordered to submit a compliance report by July 24.
- •Accused's Status: Anmol Bishnoi (Lawrence Bishnoi's brother) is currently in Tihar Jail after being extradited from the US.
- •Victim: Former Maharashtra Minister Baba Siddique was shot dead on October 12, 2024.
- •Family Allegation: Siddique family alleged police inaction due to 'external pressure'.
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