ज्वेलर भाइयों ने बनवाया पाली का सरकारी स्कूल, माता-पिता के नाम पर रखा
पाली जिले के सिंदरली गांव स्थित सरकारी स्कूल को उसी स्कूल के पूर्व छात्र दो ज्वेलर भाइयों गुलाब और गणपत चौधरी ने नया रूप दिया है। पुरानी, जर्जर इमारत, जिसमें बारिश में पानी भर जाता था, अब 10 आधुनिक कक्षाओं और 2 बड़े हॉल वाली दो मंजिला बिल्डिंग में बदल गई है। स्कूल का नाम उनके माता-पिता के सम्मान में श्रीमती जगीबाई उदाजी चौधरी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय रखा गया है। सादड़ी में ज्वेलरी और प्रॉपर्टी डीलिंग का व्यवसाय करने वाले इन भाइयों ने 2024 में स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों द्वारा स्कूल की दयनीय स्थिति बताने के बाद पुनर्निर्माण शुरू किया था। यह परियोजना दो साल में पूरी हुई। यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा और अवधेश चैतन्य ब्रह्मचारीजी ने नए भवन का उद्घाटन किया। यह स्कूल अब चार गांवों के 220 छात्रों को सेवाएं प्रदान करता है।
AI सारांश
3 bulletsपूर्व छात्रों द्वारा पुनर्निर्माण
सादड़ी के दो ज्वेलर भाइयों, गुलाब चौधरी और गणपत चौधरी ने पाली के सिंदरली स्थित अपने पुराने सरकारी स्कूल का पूरा पुनर्निर्माण कराया। उन्होंने लगभग 25 साल पहले इसी स्कूल में पढ़ाई की थी। इस पहल ने पुरानी, जर्जर इमारत को पूरी तरह से बदल दिया, जिसमें पहले केवल पांच जर्जर कमरे थे और बारिश के दौरान पानी भर जाता था।
आधुनिक सुविधाएं और नया नाम
नवनिर्मित दो मंजिला इमारत में 10 आधुनिक कक्षाएँ, दो बड़े हॉल और पीने के पानी की व्यवस्था है। उद्घाटन के बाद, स्कूल का नाम भाइयों के माता-पिता की स्मृति में 'श्रीमती जगीबाई उदाजी चौधरी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय' रखा गया, जो उनके योगदान और पारिवारिक विरासत का सम्मान करता है।
सामुदायिक मांग और परोपकार
ग्रामीणों ने 2024 में स्वतंत्रता दिवस के एक कार्यक्रम के दौरान स्कूल की खराब स्थिति को उजागर किया, जिसके बाद भाइयों ने स्कूल का पुनर्निर्माण करने का फैसला किया। उन्होंने अपने गांव और पुराने स्कूल के साथ एक मजबूत संबंध महसूस किया, जिससे उन्हें तुरंत परियोजना शुरू करने का प्रेरणा मिली। निर्माण 2024 में शुरू हुआ और 2026 में पूरा हुआ, जो शिक्षा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
उद्घाटन और गणमान्य व्यक्ति
नए स्कूल भवन का उद्घाटन यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा और अवधेश चैतन्य ब्रह्मचारीजी ने किया। कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत, राज्य मंत्री ओटाराम देवासी, सांसद पी.पी. चौधरी और बाली विधायक पुष्पेंद्र सिंह राणावत सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति भी इस भव्य समारोह में उपस्थित थे।
छात्र शिक्षा पर प्रभाव
यह नया स्कूल वर्तमान में कक्षा 1 से 12 तक के 220 छात्रों को शिक्षा प्रदान करता है, जिसमें सिंदरली और आसपास के तीन अन्य गांवों: वारा सोलंकीयान, गुड़ा पाटियान, और गुड़ा मागलियान से बच्चे आते हैं। आधुनिक बुनियादी ढाँचा सीखने के लिए काफी बेहतर माहौल प्रदान करता है, जो पहले की जर्जर कक्षाओं और जलभराव जैसी समस्याओं का समाधान करता है।
सार्वजनिक हस्तियों की प्रशंसा
सांसदों और मंत्रियों ने चौधरी भाइयों के परोपकारी कार्य की सराहना की, शिक्षा को एक अमूल्य संपत्ति बताया। सांसद पी.पी. चौधरी ने कहा कि शिक्षा एक ऐसा खजाना है जिसे कोई चुरा नहीं सकता, और दानदाताओं द्वारा रखी गई नींव हजारों बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करती है। मंत्रियों ने आने वाली पीढ़ियों के लिए इसी तरह की सामुदायिक भागीदारी को प्रोत्साहित किया।
क्यों मायने रखता है
चौधरी भाइयों की यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों में सार्वजनिक शिक्षा के बुनियादी ढांचे में सुधार के लिए पूर्व छात्रों के परोपकारी प्रयासों के प्रभाव को दर्शाती है, जहां ऐसी सुविधाएं अक्सर उपेक्षित रहती हैं। उनके इस कार्य से वर्तमान और आने वाली पीढ़ियों के लिए बेहतर सीखने की स्थिति तो बनी ही है, साथ ही स्थानीय चुनौतियों से निपटने में सामुदायिक भागीदारी को भी बढ़ावा मिला है।
मुख्य तथ्य
- •Donors: Gulab Chaudhary and Ganpat Chaudhary
- •Location: Sinderli village, Pali district, Rajasthan
- •Original Condition: Dilapidated, 5 rooms, prone to flooding
- •New Structure: Two-storey, 10 modern classrooms, 2 large halls, drinking water facility
- •Construction Period: 2 years (2024-2026)
- •New Name: Smt. Jagibai Udaji Chaudhary Govt. Sr. Secondary School
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