दिल्ली पुलिस ने पाकिस्तान समर्थित आतंकी सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया, सात गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने पाकिस्तान समर्थित एक अंतरराष्ट्रीय आतंकी-अपराध सिंडिकेट का भंडाफोड़ कर सात गुर्गों को गिरफ्तार किया है। गैंगस्टर शहजाद भट्टी और अजमल गुर्जर से जुड़े इस सिंडिकेट पर पाकिस्तान की ISI का संरक्षण प्राप्त होने का आरोप है, जिसका उद्देश्य भारत में आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा देना था। उत्तर प्रदेश और पंजाब के गिरफ्तार व्यक्ति पाकिस्तान से दिल्ली-एनसीआर में अवैध हथियार, गोला-बारूद और नशीले पदार्थों की तस्करी में शामिल थे। पुलिस ने पांच सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल, 41 जिंदा कारतूस और आपत्तिजनक डिजिटलB सबूत बरामद किए हैं। इस कार्रवाई ने कई नियोजित आतंकी घटनाओं को विफल कर, आपराधिक-आतंकवादी नेटवर्कों के माध्यम से ISI-प्रायोजित छद्म युद्ध को बड़ा झटका दिया है। सिंडिकेट के अन्य सदस्यों की पहचान के लिए आगे की जांच जारी है।
AI सारांश
3 bulletsदिल्ली-एनसीआर में सिंडिकेट का भंडाफोड़
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने एक पाकिस्तान समर्थित अंतरराष्ट्रीय आतंकी-अपराध सिंडिकेट का सफलतापूर्वक भंडाफोड़ किया है। दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और पंजाब से सात गुर्गों को गिरफ्तार किया गया। इस अभियान ने क्षेत्र में कई नियोजित आतंकी घटनाओं को रोका।
ISI का संरक्षण और कार्यप्रणाली
यह सिंडिकेट कथित तौर पर पाकिस्तान की इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस (ISI) के संरक्षण में काम कर रहा था, जिसमें गैंगस्टर से आतंकवादी बने शहजाद भट्टी और उसके सहयोगी अजमल गुर्जर नेटवर्क का नेतृत्व कर रहे थे। उन्होंने पंजाब में ड्रोन के माध्यम से पाकिस्तान से अवैध हथियार, गोला-बारूद और नशीले पदार्थों की तस्करी और टोह लेने की गतिविधियों के लिए सोशल मीडिया के माध्यम से भारतीय युवाओं की भर्ती की।
प्रमुख गिरफ्तारियां और बरामदगी
गिरफ्तार किए गए लोगों में मोहित उर्फ योगी शामिल था, जिसे यमुना विहार में पकड़ा गया, जिससे एक बिना लाइसेंस वाली पिस्तौल और आपत्तिजनक चैट बरामद हुई। अन्य गिरफ्तारियों में अनस त्यागी, आरिफ उर्फ प्रधान और करणवीर सिंह शामिल थे। पुलिस ने पांच सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल, 41 जिंदा कारतूस, महत्वपूर्ण सबूत वाले सात मोबाइल फोन, एक वाहन और अवैध वित्तीय लेनदेन के लिए इस्तेमाल किए गए बैंक खातों का विवरण जब्त किया।
विफल आतंकी साजिशें और आगे की जांच
स्पेशल सेल के समय पर हस्तक्षेप ने न केवल मॉड्यूल की गतिविधियों को बाधित किया, बल्कि दिल्ली-एनसीआर में कई नियोजित आतंकी घटनाओं को भी रोका, जिससे ISI-प्रायोजित छद्म युद्ध पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ा। सिंडिकेट ने संचालन के लिए एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग और हवाला चैनलों का इस्तेमाल किया। इस व्यापक आपराधिक-आतंकवादी नेटवर्क के अन्य सदस्यों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए जांच जारी है।
क्यों मायने रखता है
इस पाकिस्तान समर्थित आतंकी सिंडिकेट का भंडाफोड़ सीमा पार आतंकवाद और संगठित अपराध के निरंतर खतरे को उजागर करता है। यह विशेष रूप से ISI-प्रायोजित गतिविधियों के खिलाफ आतंकी हमलों को रोकने और राष्ट्रीय सुरक्षा की रक्षा में खुफिया और कानून प्रवर्तन की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित करता है।
मुख्य तथ्य
- •Arrests Made: Seven operatives arrested by Delhi Police Special Cell
- •Syndicate Leaders: Shahzad Bhatti and Ajmal Gujjar
- •Sponsor: Pakistan's Inter-Services Intelligence (ISI)
- •Recovered Items: 5 semi-automatic pistols, 41 live cartridges, 7 phones
- •Locations: Delhi-NCR, Uttar Pradesh, Punjab
- •Methods: Smuggling via drones, social media recruitment, encrypted messaging, hawala channels
क्या यह मददगार था?
Reader pulse
0 votesGenerate a 5-question quiz from this article.
चर्चा
Discussion (0)
Loading…