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सोनम वांगचुक को मिला इंटरनेट सनसनी मिथिलेश भाटी का समर्थन

Briovo· 17 Jul 2026, 11:24 am IST
सोनम वांगचुक को मिला इंटरनेट सनसनी मिथिलेश भाटी का समर्थन

अपनी वायरल टिप्पणी "लप्पू सा सचिन" के लिए मशहूर मिथिलेश भाटी, दिल्ली के जंतर-मंतर पर सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल में शामिल हो गई हैं। वांगचुक नीट पेपर लीक और परीक्षा अनियमितताओं के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं, और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। भाटी ने एकजुटता व्यक्त करते हुए कहा, "अब तो पूरो सिस्टम ही लप्पू हो रहे हो।" उनकी उपस्थिति ने छात्रों और प्रदर्शनकारियों की भीड़ को आकर्षित किया। इससे पहले, कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने भी वांगचुक से मुलाकात की थी, उनके स्वास्थ्य पर चिंता व्यक्त की और लोकतांत्रिक विरोधों के प्रति सरकार की असंवेदनशीलता की आलोचना की। वांगचुक ने 20 जुलाई को संसद मार्च की घोषणा की है। भाटी 2023 में सीमा हैदर और सचिन मीना पर अपनी टिप्पणियों के लिए प्रसिद्ध हुई थीं।

AI सारांश

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जंतर-मंतर पर वांगचुक की भूख हड़ताल

सोनम वांगचुक दिल्ली के जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे हैं। उनका विरोध नीट पेपर लीक और परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की ओर ध्यान आकर्षित करने के लिए है। उनके आंदोलन की एक प्रमुख मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा है, जो बढ़ते सार्वजनिक असंतोष के बीच है।

मिथिलेश भाटी विरोध में शामिल हुईं

अपनी "लप्पू सा सचिन" टिप्पणी के लिए प्रसिद्ध सोशल मीडिया सनसनी मिथिलेश भाटी, सोनम वांगचुक का समर्थन करने जंतर-मंतर पहुंचीं। उनकी उपस्थिति ने तुरंत छात्रों और प्रदर्शनकारियों की एक बड़ी भीड़ को आकर्षित किया जो उन्हें देखने और सुनने के लिए उत्सुक थे। अपनी 'लप्पू' टिप्पणी के बारे में पूछे जाने पर, उन्होंने हास्यपूर्वक कहा कि "अब तो पूरो सिस्टम ही लप्पू हो रहे हो।"

राजनीतिक समर्थन और चिंता

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने भी सोनम वांगचुक से मुलाकात की, और भूख हड़ताल के दौरान उनके स्वास्थ्य पर गहरी चिंता व्यक्त की। खेड़ा ने सरकार की आलोचना करते हुए उसे "असंवेदनशील" बताया और लोकतांत्रिक विरोधों के प्रति अनुत्तरदायी करार दिया। उन्होंने ऐसे प्रशासन के खिलाफ विरोध के अनुकूल तरीकों की आवश्यकता पर जोर दिया, साथ ही प्रदर्शनकारियों के स्वास्थ्य के प्रति सावधानी बरतने का भी आग्रह किया।

वांगचुक का संकल्प और भविष्य की योजनाएँ

सोनम वांगचुक ने अपने समर्थकों के साथ संसद तक मार्च का नेतृत्व करने के लिए 20 जुलाई तक जीवित रहने का अपना दृढ़ संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने हास्यपूर्वक जोड़ा कि यदि मार्च विफल रहता है, तो वह भूत बनकर वापस आएंगे। 'कॉकरोच जनता पार्टी' द्वारा साझा किया गया यह बयान, चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद उनके लचीलेपन और हास्य की भावना को उजागर करता है।

क्यों मायने रखता है

यह विरोध भारत में परीक्षा की पारदर्शिता के बारे में महत्वपूर्ण चिंताओं को उजागर करता है और सार्वजनिक चर्चा में सोशल मीडिया हस्तियों की शक्ति पर ध्यान आकर्षित करता है।

मुख्य तथ्य

  • Protest Location: Jantar Mantar, Delhi
  • Protest Leader: Sonam Wangchuk
  • Key Demands: NEET paper leak investigation, resignation of Education Minister Dharmendra Pradhan
  • Supporter Attending: Mithilesh Bhati ('Lappu sa Sachin' fame)
  • Political Support: Congress leader Pawan Khera
  • Upcoming Action: Parliament march on July 20

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