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पीएम मोदी ने BRICS की वैश्विक सुरक्षा भूमिका पर ज़ोर दिया

Briovo· 23 Jun 2026, 09:31 pm IST1
पीएम मोदी ने BRICS की वैश्विक सुरक्षा भूमिका पर ज़ोर दिया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों के साथ एक बैठक में BRICS देशों के बीच सुरक्षा सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने आतंकवाद, साइबर सुरक्षा और उभरती प्रौद्योगिकियों सहित विकसित हो रही वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों से निपटने में BRICS की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। भारत, अपनी अध्यक्षता में, ग्लोबल साउथ की प्राथमिकताओं को आगे बढ़ाकर एक सुरक्षित और समावेशी दुनिया को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। चर्चाओं का उद्देश्य वैश्विक सुरक्षा ढांचे को मजबूत करना और सदस्य देशों के बीच व्यावहारिक सहयोग को बढ़ावा देना था।

AI सारांश

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BRICS सुरक्षा प्रमुखों की बैठक

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में BRICS देशों के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों और वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। चर्चाएँ बदलते वैश्विक परिदृश्य के भीतर सुरक्षा सहयोग को मजबूत करने और समकालीन चुनौतियों का समाधान करने पर केंद्रित थीं। इस उच्च-स्तरीय बातचीत का उद्देश्य अधिक सुरक्षित अंतर्राष्ट्रीय वातावरण के लिए संयुक्त रणनीति बनाना था।

सुरक्षा सहयोग को गहरा करना

प्रधानमंत्री मोदी ने बदलते वैश्विक गतिरोधों के बीच सुरक्षा सहयोग को गहरा करने में BRICS की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने आतंकवाद, साइबर सुरक्षा और उभरती प्रौद्योगिकियों से उत्पन्न चुनौतियों जैसे साझा खतरों के खिलाफ सामूहिक कार्रवाई का आह्वान किया। भारत, अपनी वर्तमान अध्यक्षता में, वैश्विक सुरक्षा ढांचे को मजबूत करने के लिए इन महत्वपूर्ण मुद्दों पर व्यावहारिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए समर्पित है।

ग्लोबल साउथ की प्राथमिकताओं का समर्थन

बैठक के दौरान, भारत ने विकासशील देशों की आवाज उठाने की अपनी अटूट प्रतिबद्धता दोहराई। पीएम मोदी ने स्पष्ट रूप से कहा कि भारत की BRICS अध्यक्षता न केवल सदस्य देशों के हितों की रक्षा करेगी, बल्कि 'ग्लोबल साउथ' की प्राथमिकताओं का भी सक्रिय रूप से समर्थन करेगी। भारत का मुख्य उद्देश्य सभी के लिए एक सुरक्षित और समावेशी दुनिया के निर्माण में बहुमूल्य योगदान देना है।

नई चुनौतियाँ, संयुक्त संकल्प

सुरक्षा का स्वरूप काफी बदल गया है, जिसमें अब पारंपरिक खतरों के साथ-साथ डिजिटल क्षेत्र में बढ़ती चुनौतियां भी शामिल हैं। BRICS सुरक्षा प्रमुखों की इस बैठक ने इन विकसित हो रहे खतरों से निपटने के लिए आवश्यक रणनीतिक बदलाव को रेखांकित किया। भारत आतंकवाद के खिलाफ शून्य-सहिष्णुता नीति और साइबर स्पेस को सुरक्षित करने के लिए तकनीकी सहयोग बढ़ाने का आह्वान करने के लिए इस मंच का लाभ उठा रहा है।

क्यों मायने रखता है

यह बैठक वैश्विक सुरक्षा के प्रति भारत की प्रतिबद्धता और BRICS के माध्यम से बहुआयामी खतरों से निपटने में उसके नेतृत्व को रेखांकित करती है, जिससे अंतर्राष्ट्रीय सहयोग और स्थिरता प्रभावित होती है।

मुख्य तथ्य

  • Meeting Participants: BRICS National Security Advisors and Senior Security Officials
  • Key Focus Areas: Terrorism, Cyber Security, Emerging Technologies
  • India's Commitment: Secure and Inclusive World, Global South Priorities
  • India's Role: BRICS Presidency to advance practical cooperation
  • PM's Stance: Zero tolerance against terrorism

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