पीएम मोदी ने NDA सांसदों से की मुलाकात, संसद ठप होने पर जताई चिंता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नाश्ते पर एनसीपीआई और शिवसेना (उद्धव गुट से अलग हुए) सहित नए एनडीए सांसदों से मुलाकात की। उन्होंने मानसून सत्र के दौरान संसद के बार-बार बाधित होने पर गहरी चिंता व्यक्त की, जोर दिया कि निष्क्रिय संसद राष्ट्रीय विकास में बाधा डालती है। पीएम मोदी ने सांसदों को तनाव प्रबंधन और बेहतर सेवा के लिए अपनी दिनचर्या में योग और प्राणायाम को शामिल करने की सलाह देते हुए स्वास्थ्य सुझाव भी दिए। इसके अतिरिक्त, उन्होंने विकास परियोजनाओं में प्रशासनिक बाधाओं को दूर करने के लिए पीएमओ तक सीधी पहुंच का आश्वासन दिया, और निर्वाचन क्षेत्र के विकास के लिए सरकारी संसाधनों के अधिकतम उपयोग को प्रोत्साहित किया।
AI सारांश
3 bulletsपीएम ने नए NDA सांसदों से की मुलाकात
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार सुबह एनडीए गठबंधन के नए सांसदों के साथ नाश्ते पर मुलाकात की। इसमें एनसीपीआई (टीएमसी के बागी सांसदों का समूह) के 19 सांसद और शिवसेना (उद्धव गुट से अलग होकर) से एनडीए में शामिल हुए नए सांसद शामिल थे। बातचीत के दौरान का माहौल काफी सहज और आरामदायक बताया गया।
संसद में व्यवधान पर चिंता
बैठक के दौरान, पीएम मोदी ने चल रहे मानसून सत्र के दौरान संसद में बार-बार होने वाले व्यवधानों पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने जोर देकर कहा कि लगातार बाधित संसद लोकतंत्र के लिए हानिकारक है और राष्ट्रीय विकास तथा जनहित के मुद्दों पर चर्चा में बाधा डालती है। प्रधानमंत्री ने सांसदों से सदन के सुचारू कामकाज सुनिश्चित करने में सहयोग करने की अपील की।
सांसदों को स्वास्थ्य संबंधी सुझाव
संसदीय सत्रों के तनावपूर्ण माहौल को स्वीकार करते हुए, पीएम मोदी ने नए सांसदों को व्यावहारिक स्वास्थ्य सुझाव भी दिए। उन्होंने व्यस्त दिनचर्या के बावजूद व्यक्तिगत स्वास्थ्य के लिए समय निकालने का सुझाव दिया और प्रतिदिन योग व प्राणायाम को अपनी दिनचर्या में शामिल करने के लिए प्रोत्साहित किया। प्रधानमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि सांसदों के लिए अपने निर्वाचन क्षेत्रों और राष्ट्र की प्रभावी ढंग से सेवा करने हेतु अच्छा शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य बनाए रखना महत्वपूर्ण है।
विकास के लिए पीएमओ तक सीधी पहुंच
पीएम मोदी ने शिवसेना और एनसीपीआई सांसदों के साथ अलग-अलग चर्चा की, उनसे अपने क्षेत्रों में तेजी से विकास के लिए सरकारी संसाधनों का अधिकतम उपयोग करने का आग्रह किया। उन्होंने एक महत्वपूर्ण आश्वासन दिया, जिसमें कहा गया कि यदि उनके निर्वाचन क्षेत्र की विकास परियोजनाओं में कोई प्रशासनिक बाधा आती है, तो सांसद सीधे पीएमओ से संपर्क कर सकते हैं। इसका उद्देश्य परियोजना निष्पादन को सुव्यवस्थित करना और कुशल प्रगति सुनिश्चित करना है।
सांसदों ने साझा की सकारात्मक प्रतिक्रिया
नाश्ते की बैठक के बाद, भाग लेने वाले सांसदों ने मीडिया को उत्साहपूर्ण और सकारात्मक प्रतिक्रियाएं व्यक्त कीं। एनसीपीआई सांसद जगदीश बसुनिया ने बताया कि प्रधानमंत्री ने उन्हें 'विकसित भारत' के लक्ष्य में योगदान देने और पश्चिम बंगाल तक कल्याणकारी योजनाओं को पहुंचाने के लिए मार्गदर्शन दिया। एनसीपीआई सांसद रचना बनर्जी ने निमंत्रण को एक सौभाग्य माना, उन्होंने कहा कि पीएम सुचारू संसदीय कार्यवाही चाहते हैं और राष्ट्रीय हित के लिए उनके समूह की एकता की पुष्टि की।
क्यों मायने रखता है
प्रधानमंत्री की नए एनडीए सहयोगियों, विशेष रूप से एनसीपीआई और शिवसेना (उद्धव गुट से अलग हुए) के साथ बैठक, समर्थन मजबूत करने और संसदीय कार्यप्रणाली में सुधार के प्रयासों का संकेत देती है। व्यवधानों के बारे में उनकी चिंता विधायी कार्य में चल रही चुनौतियों को उजागर करती है, जबकि सीधे पीएमओ तक पहुंच की पेशकश का उद्देश्य विकास को सुव्यवस्थित करना है, जिससे शासन और क्षेत्रीय परियोजनाओं पर संभावित रूप से प्रभाव पड़ेगा।
मुख्य तथ्य
- •Date of Meeting: August 7, 2026 (Friday morning)
- •Attendees: New NDA MPs, including 19 NCPI MPs and new MPs from Shiv Sena (Uddhav faction breakaway)
- •Key Concerns Raised: Repeated Parliament disruptions during the Monsoon Session
- •Health Advice Given: Incorporate yoga and pranayama daily for stress management and energy
- •PMO Assurance: Direct access to PMO for administrative hurdles in development projects
- •Purpose of Meeting: Discuss parliamentary functioning, MP well-being, and development contributions
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