नीट-यूजी आरोपी दे सकेगा दोबारा परीक्षा, कोर्ट का फैसला
दिल्ली की एक अदालत ने नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले में आरोपी यश यादव को 21 जून को होने वाली दोबारा परीक्षा में बैठने की अनुमति दे दी है। गंभीर आरोपों के बावजूद, विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने कहा कि केवल इन आरोपों के आधार पर उन्हें दोबारा परीक्षा देने के अधिकार से वंचित नहीं किया जा सकता। यादव ने दोबारा परीक्षा और एक पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए 15 दिनों की अस्थायी न्यायिक हिरासत से रिहाई मांगी थी, लेकिन अदालत ने उनकी अंतरिम जमानत याचिका पर फैसला सुरक्षित रख लिया। उन्हें पहले हिरासत में अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराने की अनुमति दी गई थी। पिछली परीक्षा में पेपर लीक होने के कारण यह दोबारा परीक्षा आयोजित की जा रही है।
AI सारांश
3 bulletsकोर्ट ने दोबारा परीक्षा की अनुमति दी
दिल्ली की एक अदालत ने मंगलवार, 16 जून, 2026 को नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले के आरोपी यश यादव को 21 जून को होने वाली दोबारा परीक्षा में बैठने की अनुमति दे दी। राउज़ एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने यह निर्देश जारी करते हुए इस बात पर जोर दिया कि केवल गंभीर आरोपों के आधार पर किसी व्यक्ति को परीक्षा में बैठने के अधिकार से वंचित नहीं किया जा सकता। यह फैसला गोपनीय परीक्षा सामग्री के कथित सर्कुलेशन और बिक्री की चल रही जांच के बावजूद आया।
आरोपी ने मांगी थी अस्थायी रिहाई
यश यादव ने 15 दिनों के लिए न्यायिक हिरासत से अस्थायी रिहाई के लिए एक आवेदन दायर किया था। उन्होंने तर्क दिया कि यह रिहाई उन्हें मेडिकल प्रवेश दोबारा परीक्षा की तैयारी करने और उसमें शामिल होने के साथ-साथ एक पारिवारिक समारोह में भाग लेने में सक्षम बनाने के लिए आवश्यक थी। हालांकि, अदालत ने उनकी अंतरिम जमानत याचिका पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया, इस पहलू को परीक्षा में बैठने के उनके अधिकार से अलग रखा।
अध्ययन सामग्री तक पहले पहुंच
एक पिछले आदेश में, अदालत ने श्री यादव को हिरासत में रहते हुए अध्ययन सामग्री तक पहुंच प्रदान की थी। इस पहले के निर्देश का उद्देश्य उन्हें महत्वपूर्ण दोबारा परीक्षा के लिए तैयारी करने में सुविधा प्रदान करना था, जो जांच प्रक्रिया के दौरान भी उनके अधिकारों को बनाए रखने के लिए न्यायपालिका के लगातार प्रयास को दर्शाता है।
पेपर लीक मामले की पृष्ठभूमि
श्री यादव उन कई व्यक्तियों में से हैं जिनके नाम नीट-यूजी 2026 प्रश्न पत्र के कथित लीक से संबंधित चल रही जांच में हैं। इस घटना को लेकर व्यापक विवाद के कारण अधिकारियों को मूल परीक्षा रद्द करनी पड़ी थी। परिणामस्वरूप, इसकी अखंडता सुनिश्चित करने के लिए बढ़ी हुई सुरक्षा व्यवस्था के साथ 21 जून को एक नई परीक्षा निर्धारित की गई थी।
क्यों मायने रखता है
यह फैसला इस कानूनी सिद्धांत को उजागर करता है कि एक आरोपी व्यक्ति पर गंभीर आरोप लगने के बावजूद शिक्षा और परीक्षा में बैठने जैसे मौलिक अधिकार बरकरार रहते हैं। यह आरोपी के अधिकारों और कथित अपराध की गंभीरता को संतुलित करने में न्यायपालिका की भूमिका को भी रेखांकित करता है।
मुख्य तथ्य
- •Accused's Name: Yash Yadav
- •Case: NEET-UG 2026 Paper Leak
- •Re-examination Date: June 21
- •Court Ruling: Allowed to appear for re-exam
- •Court: Rouse Avenue Court, Delhi
- •Judge: Special Judge Vishal Gogne
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